शिवेंदु श्रीवास्तव की रिपोर्ट
घोरावल(सोनभद्र)। तहसील क्षेत्र में प्रशासन ने किसानों और आम नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी करते हुए गेहूं कटाई के बाद खेतों में बचे फसल अवशेष को जलाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है। एसडीएम आशीष त्रिपाठी ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति फसल अवशेष जलाता हुआ पाया जाता है तो उस पर 15 हजार रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है। साथ ही संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज कर विधिक कार्रवाई भी की जाएगी।
• सैटेलाइट से होगी निगरानी, किसानों से वैकल्पिक उपाय अपनाने की अपील
प्रशासन के अनुसार फसल अवशेष जलाने से वायु प्रदूषण बढ़ता है, आसपास धुआं फैलता है और खेत की मिट्टी में मौजूद उपयोगी सूक्ष्म जीवाणु नष्ट हो जाते हैं, जिससे भूमि की उर्वरता प्रभावित होती है। अब ऐसी घटनाओं पर निगरानी के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। सैटेलाइट के माध्यम से खेतों में लगने वाली आग की जानकारी तत्काल मिलने पर संबंधित टीम मौके पर पहुंच सकेगी। किसानों से फसल अवशेष जलाने के बजाय अन्य विकल्प अपनाने की अपील की गई है।