सौरभ की रिपोर्ट
सोनभद्र। महाराष्ट्र के नंदुरबार में काम करने गए मजदूर की निर्माणाधीन पांच मंजिला इमारत से गिरकर मौत हो गई। मृतक का शव गांव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। शव लेकर पहुंची एंबुलेंस को ग्रामीणों ने घेर लिया और मृतक के परिवार को 20 से 25 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग शुरू कर दी। लिखित आश्वासन मिलने के बाद मामला शांत हुआ।
कोन थाना क्षेत्र के कचनरवा पंचायत के मधुरी गांव निवासी 35 वर्षीय सोनू कुमार करीब तीन महीने पहले महाराष्ट्र के नंदुरबार में मजदूरी करने गए थे। बताया जा रहा है कि वह जंक्शन कंपनी प्राइवेट लिमिटेड के सब-कॉन्ट्रैक्टर के माध्यम से हेल्पर का काम कर रहे थे। निर्माणाधीन पांच मंजिला इमारत में काम करने के दौरान सोनू नीचे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। साथी मजदूर उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद मुआवजे को लेकर कंपनी प्रबंधन से बातचीत हुई। कंपनी की ओर से मुआवजा देने का आश्वासन दिए जाने की बात सामने आई, लेकिन शव गांव पहुंचने के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने तत्काल मुआवजे की मांग शुरू कर दी। एंबुलेंस को घेरकर ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को 20 से 25 लाख रुपये मुआवजा दिलाने की मांग रखी। बाद में मुआवजे की जिम्मेदारी लेने और लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीणों का आक्रोश शांत हुआ। उधर, पति का शव देखकर सोनू की पत्नी बेसुध हो गई। पत्नी ने रोते हुए बताया कि हादसे से पहले सोनू काफी खुश थे और बातचीत के दौरान उन्होंने तीज पर्व की फोटो भेजने की बात कही थी। पत्नी के सामने आज वही पति का शव पड़ा था, जिससे परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। सोनू कुमार अपने पीछे पत्नी और पूरे परिवार को छोड़ गए हैं। शव पहुंचने के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।