रिपोर्ट: डॉ. परमेश्वर दयाल श्रीवास्तव
सोनभद्र। जिला मजिस्ट्रेट/जिला निर्वाचन अधिकारी चर्चित गौड़ ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग, उत्तर प्रदेश के निर्देशों के क्रम में पंचायतों की निर्वाचक नामावली (मतदाता सूची) में नाम जोड़ने, संशोधन कराने और नाम विलोपित कराने के लिए प्राप्त आवेदनों पर जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 की धारा-9(8) के प्रावधान लागू होंगे। उक्त प्रावधान के अनुसार किसी ग्राम पंचायत के निर्वाचन के लिए नामांकन की अंतिम तिथि के बाद से निर्वाचन प्रक्रिया पूर्ण होने तक मतदाता सूची में किसी प्रकार का परिवर्धन, संशोधन अथवा विलोपन नहीं किया जा सकेगा। हालांकि, सामान्य निवासियों से प्राप्त आवेदनों पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जाएगी।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतदाता सूची में परिवर्धित, संशोधित एवं विलोपित किए जाने वाले नामों की सूची जनपद स्तर पर सुरक्षित रखी जाएगी। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 की धारा-9 के अंतर्गत निर्वाचक नामावली के संक्षिप्त पुनरीक्षण की अधिसूचना जारी होने के बाद सुरक्षित रखे गए नामों को शामिल करने की प्रक्रिया शुरू होगी। इसके लिए जनपद स्तर पर ऑनलाइन डाटा एंट्री कराते हुए संबंधित मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में जोड़े अथवा संशोधित किए जाएंगे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आयोग के निर्देशों के अनुरूप निर्धारित समयावधि में सभी आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।